नन्ही चिड़िया और जंगल की आग: Nanhi Chidiya Aur Jungle Ki Aag

एक बड़े से पेड़ पर, अपने माता-पिता के साथ रहती थी, नन्ही चिड़िया (Nanhi Chidiya) । वह बहुत ही प्यारी और चंचल थी । हर सुबह सूरज निकलने से पहले ही, पेड़ों के बीच लुकाछिपी खेलती और मीठे स्वरों में गाती थी । एक दिन जंगल में अचानक से आग लग गई । पेड़ से पेड़ आग पकड़ने लगा और चारों तरफ धुआं छा गया । जंगल के सारे जानवर घबराकर भागने लगे। इसी तरह के कहानी पढ़ने के लिए बने रहिए RealFakeStory के साथ।

Nanhi Chidiya Aur Jungle Ki Aag

Nanhi Chidiya Aur Jungle Ki Aag

नन्ही चिड़िया ने ये सब देखा तो उसके दिल में बहुत डर लगा । लेकिन तभी उसे ये ख्याल आया कि जंगल उसका घर है और उसे अपने घर को बचाना चाहिए । उसने तुरंत फैसला किया कि वह आग बुझाने में मदद करेगी।

भले ही वह बहुत छोटी थी, परन्तु उसका हौसला बहुत बड़ा था । वह पास की नदी तक उड़ी और अपनी छोटी सी चोंच में पानी भरकर लौटी । उसने वो पानी आग पर डाल दिया । एक बूंद पानी से तो क्या होता है ! ये सोचकर बाकी जानवर उसका मजाक उड़ाने लगे ।

लेकिन नन्ही चिड़िया ने उनकी बातों पर ध्यान नहीं दिया । वह बार-बार नदी जाती, पानी लाती और आग पर डालती। धीरे-धीरे दूसरे जानवरों को भी उसकी हिम्मत देखकर शर्म आई । उन्हें एहसास हुआ कि मुसीबत के वक्त भागना नहीं, बल्कि मिलजुलकर उसका सामना करना चाहिए ।

तभी एक बंदर बोला, “चिड़िया रानी, तुम अकेले क्या कर पाओगी? आओ हम सब मिलकर आग बुझाते हैं!” उसकी बात सुनकर बाकी जानवर भी मान गए. सबने मिलकर मिट्टी डाली, पत्ते लाए और आग को बुझाना शुरू कर दिया।

आखिरकार उनकी मेहनत रंग लाई और बहुत मुश्किल से आग बुझ गई । जंगल बच गया ! सभी जानवर नन्ही चिड़िया की हिम्मत और त्याग की सराहना करने लगे। उन्होंने सीखा कि चाहे आप कितने भी छोटे हों, अगर आपमें हिम्मत है तो आप बड़े से बड़े काम को भी कर सकते हैं।

कहानी हमें दो महत्वपूर्ण सीख देती हैं:

हिम्मत और कोशिश करना ही सबसे बड़ी बात है (Himmat aur Koshish Karna Hi Sabse Badi Baat Hai): जंगल की आग बहुत बड़ी थी, पर नन्ही चिड़िया ने हार नहीं मानी. अपने छोटे से प्रयास से उसने जंगल को बचाने की शुरुआत की. ये कहानी सिखाती है कि मुसीबत आने पर घबराना नहीं चाहिए बल्कि हिम्मत रखकर उसका सामना करना चाहिए. जितना हो सके, कोशिश करते रहना ही सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है.

एकता में ही बल है (Ekta Mein Hi Bal Hai): शुरुआत में जानवर अकेले भाग रहे थे. आग को बुझाना नन्ही चिड़िया के बस का नहीं था. लेकिन जब सब जानवर एकजुट होकर मदद करने लगे, तब जाकर आग पर काबू पाया जा सका. ये कहानी बताती है कि मिलजुलकर काम करने से कोई भी मुश्किल आसान हो जाती है.

उम्मीद है आपको Nanhi Chidiya Aur Jungle Ki Aag कहानी पसंद आया होगा। इसी तरह के अन्य कहानी पढ़ने के लिए बने रहिए Real Fake Story के साथ

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